आजादी के जश्न में भी ‘वंदे मातरम’ से परहेज , कांग्रेस अपना चरित्र नहीं बदल सकती – रेखा महमिया


!■ भाजपा नेत्री महिला मोर्चा महामंत्री ने कांग्रेस पर लगाया अपमान का आरोप
रायगढ़ । 80वें स्वतंत्रता दिवस पर देश हर घर तिरंगा और वंदे मातरम के जोशीले नारों से गूंज रहा था,इस दौरान कांग्रेस मुख्यालय इंदिरा भवन में एक शर्मनाक तस्वीर देखने को मिली। जिसमे ध्वजारोहण के बाद जैसे ही सेवा दल के कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम का गायन शुरू किया, कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी जी ने बीच में ही उसे रुकवाने का इशारा कर दिया। महामंत्री भाजपा महिला मोर्चा रेखा महमिया ने इस संबंध में जारी विज्ञप्ति में कहा वायरल वीडियो में स्पष्टतः दिख रहा है कि वन्देमारतम गीत की शुरुआती पंक्तियां खत्म होते-होते कांग्रेस नेत्री सोनिया गांधी जी असहज हुईं। उन्होंने पास खड़े वन्दे मातरम राष्ट्रीय गीत गा रहे सेवा दल के कार्यकर्ता को बुलाकर कुछ कहा और निर्देश दिए इसके बाद गायन बाधित हो गया। रेखा महमिया, ने कहा इस तरह का वीडियो देखकर पूरे देश वासी व्यथित है। जिस वंदे मातरम गीत ने ने देश की आजादी के लिए क्रांतिकारियों को फांसी के फंदे पर झूलते हुए भी हिम्मत दी, उसी गीत से कांग्रेस को आजादी के आठ दशक बाद आज भी एलर्जी है। भाजपा का हर सिपाही वंदे मातरम का पूरा गीत सम्मानपूर्वक गाता है लेकिन कांग्रेस मुख्यालय में इनके वरिष्ठ नेता ही इस गीत के गायन के बीच में व्यवधान उत्पन्न कर अपमान जनक स्थिति पैदा कर रहे है।भाजपा महिला मोर्चा महामंत्री रेखा ने कहा ये कोई संयोग नहीं है। बल्कि कांग्रेस की वही पुरानी सोच है। 1937 में भी इन्होंने वंदे मातरम के गीत से कुछ लाइनें हटवाई थी। आज 2026 में भी जब एक महिला नेता देश की सर्वोच्च कुर्सी पर है, तब गांधी परिवार को भारत माता के वंदन से दिक्कत हो रही है। देश की माताएं-बहनें यह सवाल पूछ रही हैं क्या वंदे मातरम गीत सम्मान पूर्वक गाने से कांग्रेस की राजनीति खतरे में पड़ जाती है? भाजपा महिला मोर्चा कांग्रेस से मांग करती है कि इस अपमान जनक घटना के लिए वो पूरे राष्ट्र से सार्वजनिक रूप से माफी मांगे। जिस पार्टी को तिरंगे और वंदे मातरम से दिक्कत हो, उसे देश की जनता से वोट मांगने का अधिकार नहीं है। बलिदानो से मिली आजादी को हम ऐसी घटनाओ से अपमानित नहीं करने देंगे।
