छात्रों की पीड़ा पर तंज कसने वाले प्रियांक खड़गे इस्तीफा दें – कर्नाटक सरकार की परीक्षा घोटाले पर भाजयुमो नेता सुमीत का कड़ा प्रहार

■ खड़गे परिवार की संवेदनशीलता सिर्फ मुखौटा, अंदर कुटिलता और अहंकार- सुमीत शर्मा
रायगढ़ । कांग्रेस शासित कर्नाटक सरकार में वेटरनरी और पुलिस प्रवेश परीक्षा में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी सामने आने के बाद कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के पुत्र एवं कर्नाटक सरकार के मंत्री प्रियांक खड़गे द्वारा दिए गए गैर-जिम्मेदाराना बयान पर भारतीय जनता युवा मोर्चा ने कड़ी आपत्ति जताई है। भाजयुमो जिला अध्यक्ष सुमीत शर्मा ने कहा कर्नाटक में हुईं परीक्षा धांधली से भविष्य बर्बाद होते देख छात्रों ने मंत्री से इस्तीफे की मांग की तो कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष के बेटे एवं कर्नाटक के मंत्री प्रियांक खड़गे ने बयान दिया – दिल्ली जंतर मंतर में किए गए विरोध की तरह छात्र पहले 25 दिन भूख हड़ताल करे और लाठी खाए, उसके बाद इस्तीफा मांगिए। कांग्रेस नेताओं ने छात्रों के विरोध को लोकतंत्र का मजाक बना दिया। भाजयुमो अध्यक्ष श्री शर्मा ने कहा यह बयान सिर्फ एक मंत्री का बयान नहीं है, यह कांग्रेस की उस कुटिल सोच का प्रतिबिंब है । खड़गे परिवार के मुखिया राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे संवेदन शीलता का झूठा दिखावा करते हैं बतौर मंत्री उनके बेटे का यह बयान बता रहा है कि संवेदनशीलता के मुखौटे के पीछे कांग्रेस का अहंकार और कुटिलता छिपी हुई है। सुमीत ने कहा समय रहते कांग्रेस का असली चेहरा छात्रों को समझना होगा । कांग्रेस हमेशा छात्र हितों की बात करती है, लेकिन कर्नाटक की घटना ने उसका असली, घिनौना चेहरा देश के सामने ला दिया है। पेपर गड़बड़ी से आहत छात्रों के प्रति कांग्रेस के मन में कितनी कुटिलता और बेरुखी भरी है, यह प्रियांक खड़गे के शब्दों से साफ है। एक जिम्मेदार मंत्री का काम छात्रों को आश्वासन देना, दोषियों पर कार्रवाई करना होता है, न कि उनका मजाक उड़ाना। भाजयुमो इस बयान की कड़े शब्दों में निंदा करती है। पेपर लीक मामले में भाजपा की संवेदनशीलता से कांग्रेस को सीख लेने की सलाह देते हुए जिला भाजयुमो अध्यक्ष ने कहा पेपर लीक के मामले में देश के युवा आक्रोशित हुए तो प्रधानमंत्री मोदी जी ने तुरंत संवेदनशीलता दिखाई। छात्रों की मांग पर संसद में एंटी पेपर लीक कानून पास कराया गया। भाजपा ने साबित कर दिया कि वह जनभावना के साथ खड़ी है और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेगी। इसके विपरीत, कांग्रेस को आम जनता और युवाओं के हितों से कोई सरोकार नहीं है। कर्नाटक में सत्ता के घमंड में कांग्रेस छात्रों की पीड़ा पर व्यंग्य कस रही हैं। सुमीत शर्मा ने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से सवाल किया, क्या अपने बेटे के ऐसे गैर-जिम्मेदार और असंवेदनशील बयान के बाद कांग्रेस प्रियांक खड़गे से मंत्री पद से इस्तीफा लेगी ? या कांग्रेस छात्रों के आंदोलन और लाठियों का इंतजार करेगी? कर्नाटक के छात्रों के हुए अन्याय के मामले में दोषियों पर कार्यवाही और जिम्मेदार मंत्री इस्तीफा की मांग करती है। युवा भाजपा नेता सुमीत शर्मा ने कहा समय रहते देश के युवा और छात्र कांग्रेस की इस दोगली राजनीति को अवश्य पहचानें ।








